रविवार, 13 नवंबर 2016

पेट की सारी बीमारियों का जड़ से इलाज




हमारे पेट का अहम भाग होता है हमारा मलाशय. यदि पेट यानी मलाशय साफ रहेगा तो हमारी बीमारियां भी हमसे कोसो दूर रहेंगी.
पुराने जमाने में वैद्य-हकीम हमेशा अन्य बीमारियों का उपचार बाद में करते थे पहले पेट की बीमारियों को दूर करने के उपचार करते थे.
मलाशय हमारे पाचन तंत्र का महत्त्वपूर्ण हिस्सा है, यह हमारे पेट से उन अपाच्य भोजन को बाहर निकाल देता है जो पचता नहीं है जैसे पानी, नमक, विटामिन और अन्य पोषक तत्व.
इसलिए जब यह ठीक से काम नहीं करता है तब यह विषैले तत्वों से ग्रसित हो जाता है. जो कई सारी परेशानियां पैदा करता है जैसे सिर दर्द, सूजन, कब्ज, गैस, वजन बढ़ना, कम ऊर्जा, थकान और पुरानी बीमारी को उजागर कर देना.|




यह सारी परेशानियां अपाच्य भोजन से होती हैं जो बहुत सारे अन्य रसायनों से तैयार किए जाते हैं, जिनसे आगे चल कर मलाशय में बलगम जमा होने लगता है जो शरीर के लिए बहुत हानिकारक होता है.
इन उपायों से मलाशय को स्वस्थ रख सकते हैं---
सेब का रस : 
सेब का रस मलाशय की सफाई के लिए सबसे अच्छे घरेलू उपचारों में से एक है. सेब के रस का नियमित सेवन मल त्याग को प्रोत्साहित कर विषाक्त पदार्थों को बाहर निकलता है. पाचन तंत्र को स्वस्थ रखने के साथ ही लीवर को भी बेहतर रखता है. अपने दिन की शुरुआत एक गिलास सेब के रस के साथ करें.
नींबू का रस : 
नींबू के रस में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट और विटामिन सी पाचन तंत्र के लिए अच्छा होता है. इसलिए आप मलाशय की सफाई के लिए नींबू का रस ले सकते हैं. एक गिलास गुनगुने पानी में एक नींबू का रस, चुटकी भर समुद्री नमक और थोड़ा सा शहद मिलाकर सुबह खाली पेट लें. इसका सेवन आपको अधिक ऊर्जा, बेहतर मल त्याग और त्वचा को बेहतर बनाने में मदद करता है.
कच्ची सब्जियों का रस : 
यदि आपको मलाशय साफ रखना हो तो दो-तीन दिन भोजन से दूर रहें. ठोस आहार की जगह दिन में कई बार ताजा सब्जियों का जूस लें. सब्जियों के जूस में मौजूद शुगर मल त्याग में सुधार करता है.
इसमें मौजूद विटामिन, खनिज, अमीनो एसिड और एंजाइम आपके शरीर को स्वस्थ रखने में मदद करते हैं.
फाइबर युक्त आहार : फाइबर मल को नर्म कर मल त्याग में सुधार करता है. रसभरी, नाशपाती और सेब जैसे ताजे फल के साथ मटर और ब्रोकोली जैसी ताजा सब्जियों और अनाज जैसे साबुत अनाज, नट्स, बीन्स और बीज को अपने आहार में शमिल कर फाइबर की उच्च मात्रा पा सकते हैं.
रोज खाएं दही : रोज दही का सेवन मलाशय को स्वस्थ रखने का अच्छा उपाय है. दही आपके शरीर को समर्थक जैविक और अच्छे बैक्टीरिया देता है और बुरे बैक्टीरिया बाहर करता है. दही में मौजूद उच्च मात्रा में कैल्शियम मलाशय की कोशिकाओं का विकास करता है.
अलसी : 
अलसी तेजी से मलाशय को साफ करती है. अलसी पानी को अवशोषित कर विषाक्त पदार्थों और बलगम तेजी से दूर करती है. अलसी मलाशय को साफ करने के साथ ही कैंसर, हृदय रोग और मधुमेह को रोकने में भी मदद करती है




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पानी : 
पानी एक ऐसा आसान उपाय है जिससे आप मलाशय साफ रख सकते हैं तो दिन कम से कम 12 से 15 गिलास पानी पिएं. यह मलाशय को साफ और आपके शरीर को विषैले पदार्थों को बाहर करने में सहायक होता है.
एलोवेरा : एलोवेरा में भरपूर एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं. यह लैक्सटिव के रूप में कार्य भी करता है. एलोवेरा में मौजूद औषधीय गुण मलाशय के स्वास्थ्य में सुधार करता है. एलोवेरा से जैल निकालकर नींबू का रस मिलाकर जूस बना लें. इस जूस को दो तीन घंटे के लिए फ्रिज में रखें. इस जूस को दिन में कई बार पी सकते हैं. इससे आपकी अन्य प्रॉब्लम भी दूर हो सकती हैं.
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