बुधवार, 1 जनवरी 2014

मुहं के छाले के घरेलू ,आयुर्वेदिक उपचार

                                               

  अजीर्ण व पेट में कब्ज होने की अवस्था में अक्सर हमारे मुँह में छाले हो जाया करते हैं। अमाशय व आँतों में सूजन व घाव होने पर मुँह में छालों की उत्पत्ति हो जाया करती है। पेट की गर्मी की वजह से भी मुँह में छाले हो जाते हैं       
     अक्सर जब मुँह में छाले हो जाते है
तो कुछ भी खाना-पीना व गटकना तक मुश्किल हो जाया करता है। कई बार जीभ पर भी छाले हो
जाया करते हैं। ऐसी हालत में कुछ भी न खाते बनता है न उगलते ही बनता है।

  मुहं के छाले  की घरेलू आयुर्वेदिक चिकित्सा -

1) दिन में कम से कम तीन बार कच्चे दूध से   अच्छी तरह गरारे करते रहने से मुख -छाला  में आशानुरूप लाभ  होता है|
2) गुलाब के फूल,आंवला  ,सौंफ  तीनों  बराबर  मात्रा में लेकर  चूर्ण बनालें | आधा चम्मच चूर्ण  नियमित रूप से  सुबह -शाम पानी के साथ  फक्की   लेने से मुहं के छाले   ठीक  हो जाते हैं|
3) एक गिलास गरम पानी में चुटकी भर काली मिर्च और आधा निम्बू का  रस  मिलाकर दिन में  दो बार पीने से मुंह के चाले  कुछ दिनों में  ठीक हो जाते हैं|








4) शहद में मुलहठी का चूर्ण मिलाकर
इसका लेप मुँह के छालों पर करें और लार को मुँह से बाहर टपकने दें।









5) मुँह में छाले होने पर अडूसा के 2-3
पत्तों को चबाकर उनका रस चूसना चाहिए।














6) कत्था, मुलहठी का चूर्ण
और शहद मिलाकर मुँह के छालों पर लगाना  चाहिए।



7) अमलतास की फली  की मज्जा को धनिये के साथ
पीसकर थोड़ा कत्था मिलाकर मुँह में रखने से अथवा केवल गूदे को मुँह में रखने से मुँह
के छाले दूर हो जाते हैं।








8)  अमरूद के कोमल पत्तों में कत्था मिलाकर
पान की तरह चबाने से मुँह के छाले ठीक हो जाते हैं।













9)  अनार के 25 ग्राम पत्तों को 400 ग्राम
पानी में ओंटाकर चौथाई  भाग  शेष रहने  पर इस क्वाथ से कुल्ला करने से मुँह के छाले दूर होते
हैं।




१०)  मुंह के छाले खत्म करने के लिए जामुन के पत्ते लें। इन्हें धोकर पीसें। छानें। इस पानी (रस) से कुल्ले करें।











११) इस रोग से छुटकारा पाने के लिए टमाटर का रस निकालें। इस रस में इतनी ही मात्रा में पानी मिलाएं। इस पानी से कुल्ला करें। आराम होगा।












१२) तुलसी की ताजा पांच पत्तियां लें। इन्हें धोएं। चबाएं। खूब बारीक चबाकर निगलें। इस पर पानी तीन-चार घूंट धीरे-धीरे पी लें।  छाले  से  निजात मिलेगी|








१३) मुंह के छालों को हटाने के लिए बंसलोचन पीसें। छानें। इसे शहद में मिलाएं। मुंह के अंदर अंगुली से लगाएं।




१४) इस रोग के लिए आक के दूध की कुछ बूंदें निकालें। इसे एक चम्मच शहद में मिलाएं। मुंह में लगाने से जरूर लाभ होगा।










१५) मामूली मात्रा में पिसा कपूर तथा एक छोटा चम्मच पिसी मिश्री लें। दोनों को मिलाएं। मुंह में लगाने से फायदा होगा।


१६) थोड़ा-सा हरा पुदीना, इतना ही सूखा धनिया तथा समभाग मिश्री। तीनों को एक साथ मुंह में डालकर चबाएं। पूरा लाभ मिलेगा।





१७) मुंह के छालों से छुटकारा पाने के लिए भोजन  करने के बाद छोटी हरड़ चूसें। छालें गायब होने लगेंगे।





१८) यदि तरबूज का मौसम हो तो इसके छिलके जलाएं। राख तैयार करें। इस राख को लगाने से छालें नहीं रहेंगे।








१९) थोड़ा-सा सुहागा फुला लेंबारीक पीसें। इसे दो चम्मच ग्लिसरीन में मिलाएं। इसको लगाने से छाले दूर हो जायेंगे।









२०) मुंह के छाले नष्ट करने के लिए सत्यानाशी की टहनी लें। इसे दातुन की तरह थोड़ा चबाएं। अवश्य आराम आयेगा। 







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